U4 आवा हे भाई-बहिन
आवा हे भाई-बहिन, आवा हे सोभे चसिया भाईमन
प्रभु के आइज तो, गोटा दिल से धन्य मानव
नवा खानी दिना में प्रभु केर बड़ाई करब
१. प्रभु देलैं खेती-बारी, प्रभु देलें हार-जुवांइठ-२
हार जोतली खेत कोड़ली, नवा अन्न-धन होलक-२
२. प्रभु देलें हवा-पानी, प्रभु देलैं शीत-गर्मी-२
खेती करली बुनली छिटली नवा अन्न-धन होलक-२
३. प्रभु देलें बढ़ेकले, प्रभु देलैं पकेकले-२
धान कटली मिसली छटली, नवा अन्न-धन होलक -२
४. भूखे से जिली मोरली, भूखे से हारली जीतली-२
अबे तो प्रभुक दया नवा अन्न-धन होलक-२
५. प्रभु केर बड़ाई होओक, प्रभु केर महिमा होओक-२
रौरे के प्रभु धन्य मनील, नवा अन्न-धन होलक-२
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